जयपुर: बारिश ओलावृष्टि ने बुधवार को राजधानी समेत कई जिलों में हालात बिगाड़ दिए। तेज बारिश और चने के आकार के ओलों के कारण जनजीवन प्रभावित हुआ। सबसे गंभीर स्थिति Sawai Man Singh Hospital (SMS अस्पताल) में देखने को मिली, जहां ट्रॉमा सेंटर के वेटिंग वार्ड में पानी भर गया और तीन मरीजों के ऑपरेशन टालने पड़े।
बुधवार दोपहर करीब 2 बजे के बाद Jaipur में तेज बारिश शुरू हुई। ट्रॉमा सेंटर की दूसरी मंजिल पर ऑपरेशन थिएटर के पास बने वेटिंग एरिया में पहले छत से पानी टपकना शुरू हुआ, फिर देखते ही देखते वार्ड में पानी भर गया।
हालात ऐसे बने कि तीन मरीजों को बिना ऑपरेशन किए वापस भेजना पड़ा। कुछ परिजनों ने विरोध भी जताया, लेकिन अस्पताल प्रशासन ने स्थिति संभालने का प्रयास किया।
वेस्टर्न डिस्टर्बेंस के असर से जयपुर, कोटा, सीकर, झुंझुनूं, चूरू, अलवर, भीलवाड़ा सहित 10 से ज्यादा जिलों में सुबह 4 बजे से रुक-रुककर बारिश होती रही।
Sikar में तेज बारिश के साथ बड़े ओले गिरे।
Churu के सादुलपुर में करीब 7 मिनट तक ओलावृष्टि हुई।
Jhunjhunu के चिड़ावा और पिलानी क्षेत्र में बेर के आकार के ओले गिरे।
Bhilwara के बागोर क्षेत्र में भी शाम को ओलावृष्टि हुई।
कई स्थानों पर चने के आकार के ओले गिरने से सड़कें सफेद चादर जैसी दिखने लगीं।
बारिश और ठंडी हवाओं के कारण दिन के तापमान में 3 से 5 डिग्री तक गिरावट दर्ज की गई। श्रीगंगानगर में अधिकतम तापमान 5.7 डिग्री गिरकर 24.4 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया।
मौसम विभाग के अनुसार 19 फरवरी तक हल्की ठंड बनी रह सकती है। 20 फरवरी के बाद आसमान साफ होने और तापमान में फिर बढ़ोतरी के संकेत हैं।
अचानक हुई ओलावृष्टि ने रबी की फसलों, खासकर सरसों की तैयार फसल को नुकसान की आशंका बढ़ा दी है।
झुंझुनूं और सीकर के किसानों ने खेतों में नुकसान की आशंका जताई।
भरतपुर और नदबई क्षेत्र में भी किसान चिंतित दिखे।
बारिश के बीच चित्तौड़गढ़ जिले के बेगूं क्षेत्र में मोटर स्टार्ट करते समय करंट लगने से 22 वर्षीय युवक की मौत हो गई। युवक की दो महीने बाद शादी होने वाली थी।
राजस्थान में बदले मौसम ने जहां एक ओर ठंड की वापसी करा दी, वहीं प्रशासनिक व्यवस्थाओं की भी पोल खोल दी। जयपुर के SMS अस्पताल में पानी भरने की घटना ने स्वास्थ्य व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
आने वाले दो दिन मौसम का असर जारी रह सकता है, लेकिन 20 फरवरी के बाद राहत मिलने की उम्मीद है। फिलहाल किसानों और आमजन दोनों की नजरें मौसम के अगले अपडेट पर टिकी हैं।
All Rights Reserved & Copyright © 2015 By HP NEWS. Powered by Ui Systems Pvt. Ltd.