साबरमती के तट पर PM मोदी ने उड़ाई उदयपुर की 'ट्रेन काइट': जर्मन चांसलर भी रह गए दंग; पतंग से दिया 'ऑपरेशन सिंदूर' और नारी शक्ति का संदेश

अहमदाबाद/उदयपुर। गुजरात के अहमदाबाद में आयोजित 'अंतरराष्ट्रीय पतंग महोत्सव 2026' उस समय ऐतिहासिक पल का गवाह बना जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राजस्थान के उदयपुर की मिट्टी से उपजी कला को आसमान की ऊँचाइयों तक पहुँचाया। साबरमती रिवर फ्रंट पर प्रधानमंत्री मोदी और जर्मन चांसलर फ्रेडरिक मर्ज ने एक साथ पतंगबाजी का आनंद लिया, लेकिन सबका ध्यान उदयपुर के कलाकार प्रवीण कुमार की बनाई 'ट्रेन काइट' ने खींचा।

उदयपुर से अहमदाबाद तक 'ट्रेन काइट' का सफर उदयपुर के मशहूर पतंग कलाकार प्रवीण कुमार और उनकी टीम विशेष रूप से यह 'ट्रेन काइट' बनाकर अहमदाबाद ले गए थे। जब प्रधानमंत्री मोदी ओपन जीप में सवार होकर रिवर फ्रंट पहुँचे, तो उन्होंने इस अनोखी पतंग को देखकर अपनी रुचि दिखाई। तिरंगे की थीम पर आधारित यह पतंग न केवल अपनी जटिल बनावट बल्कि अपनी उड़ने की अनोखी तकनीक के लिए भी चर्चा का विषय बनी रही।

पतंग पर उकेरा गया 'ऑपरेशन सिंदूर' का संदेश प्रवीण कुमार ने इस बार अपनी पतंग को केवल मनोरंजन का साधन नहीं, बल्कि एक शक्तिशाली सामाजिक हथियार बनाया। पतंग के माध्यम से दो बड़े संदेश दिए गए:

  1. ऑपरेशन सिंदूर: एक संवेदनशील सामाजिक पहल की ओर ध्यान आकर्षित किया गया, जिसे देख पीएम मोदी भी प्रभावित हुए।

  2. नारी सशक्तिकरण: तिरंगे के रंगों के बीच महिलाओं की बढ़ती शक्ति और उनके सम्मान का चित्रण किया गया।

पीएम मोदी ने की व्यक्तिगत मुलाकात प्रधानमंत्री मोदी ने न केवल पतंग उड़ाई, बल्कि प्रवीण कुमार और उनकी पूरी टीम को पास बुलाकर उनसे लंबी बातचीत की। पीएम ने प्रवीण के हुनर की सराहना करते हुए कहा कि, "इस तरह के प्रयास हमारी सांस्कृतिक परंपराओं को जीवित रखने के साथ-साथ आधुनिक सामाजिक विषयों पर जागरूकता फैलाने का बेहतरीन माध्यम हैं।"

जर्मन चांसलर भी हुए कला के मुरीद जर्मन चांसलर फ्रेडरिक मर्ज ने भी इस दौरान भारतीय कला की बारीकियों को समझा। तिरंगे की थीम पर बनी इस पतंग ने अंतरराष्ट्रीय मंच पर भारत की 'सॉफ्ट पावर' का प्रदर्शन किया। प्रवीण कुमार ने बताया कि पीएम मोदी का 'एप्रिशिएशन' उनकी टीम के लिए सबसे बड़ा पुरस्कार है।


निष्कर्ष:

उदयपुर के कलाकार की यह 'ट्रेन काइट' अब देशभर में चर्चा का विषय बन गई है। यह आयोजन साबित करता है कि कला जब सामाजिक संदेशों से जुड़ती है, तो वह सरहदों और प्रोटोकॉल को पार कर सीधे प्रधानमंत्री तक पहुँच जाती है। प्रवीण कुमार की यह पतंग 'विकसित भारत' की उस नारी शक्ति और सामाजिक सरोकार का प्रतीक है, जिसका सपना मोदी सरकार देख रही है।

Written By

Rajat Kumar RK

Desk Reporter

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