3 महीने से लापता हैं राजस्थान के IG कालूराम रावत? बुखार बताकर गए, फिर नहीं लौटे ऑफिस

राजस्थान: पुलिस महकमे से एक बेहद चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जिसने प्रशासनिक गलियारों में हलचल मचा दी है। एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग ब्रांच के IG (पुलिस महानिरीक्षक) कालूराम रावत पिछले करीब तीन महीनों से बिना किसी आधिकारिक सूचना के ड्यूटी से गायब बताए जा रहे हैं। हैरानी की बात यह है कि उन्होंने आखिरी बार 12 जनवरी 2026 को अपने वरिष्ठ अधिकारियों को केवल एक दिन की छुट्टी का संदेश भेजा था, जिसके बाद से वे कार्यालय नहीं लौटे।

इस पूरे मामले ने राजस्थान पुलिस विभाग के भीतर कई सवाल खड़े कर दिए हैं। एक वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी का इतने लंबे समय तक बिना सूचना गायब रहना न सिर्फ प्रशासनिक व्यवस्था पर सवाल उठा रहा है, बल्कि यह मामला अब चर्चा का बड़ा विषय बन गया है।

जानकारी के अनुसार, कालूराम रावत जुलाई 2025 में पुलिस मुख्यालय में डीआईजी पुलिस हाउसिंग के पद पर नियुक्त किए गए थे। 12 जनवरी 2026 को उन्होंने अपने वरिष्ठ अधिकारी को मैसेज भेजकर बताया कि उन्हें बुखार है और वे एक दिन के लिए कार्यालय नहीं आ पाएंगे। इसके बाद से उन्होंने विभाग से कोई संपर्क नहीं किया।

इसी दौरान उनका प्रमोशन हो गया और उन्हें IG रैंक में पदोन्नत कर दिया गया। 23 फरवरी 2026 को राजस्थान सरकार ने उनका तबादला एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग ब्रांच में IG पद पर कर दिया। लेकिन चौंकाने वाली बात यह रही कि उन्होंने इस नई पोस्टिंग पर भी जॉइन नहीं किया।

सूत्रों के मुताबिक, विभाग ने शुरुआत में यह मानकर इंतजार किया कि शायद अधिकारी किसी निजी कारण या स्वास्थ्य समस्या की वजह से छुट्टी पर हों। लेकिन कई सप्ताह गुजरने के बाद भी जब कोई जवाब नहीं मिला, तब मामला उच्च अधिकारियों तक पहुंचाया गया।

इसके बाद एडीजी कार्मिक बीजू जॉर्ज जोसेफ की ओर से कालूराम रावत को रिकॉल नोटिस जारी किया गया। नोटिस में उन्हें तुरंत विभाग से संपर्क करने और अपनी अनुपस्थिति का कारण बताने को कहा गया। हालांकि, खबर लिखे जाने तक इस नोटिस का भी कोई जवाब नहीं मिला है।

एडीजी कार्मिक ने मीडिया से बातचीत में कहा कि यदि किसी अधिकारी के पास वैध कारण है, तो वह नियमानुसार छुट्टी ले सकता है। लेकिन इतने लंबे समय तक बिना किसी सूचना के अनुपस्थित रहना गंभीर विषय है।

कालूराम रावत राजस्थान पुलिस के अनुभवी और चर्चित अधिकारियों में गिने जाते रहे हैं। उन्होंने अपने करियर के दौरान कई महत्वपूर्ण पदों पर काम किया और उत्कृष्ट सेवाओं के लिए सम्मानित भी किए गए। ऐसे अधिकारी के अचानक इस तरह गायब हो जाने से पुलिस विभाग के अधिकारी भी हैरान हैं।

पुलिस महकमे में इस घटना को लेकर तरह-तरह की चर्चाएं चल रही हैं। कुछ लोग इसे स्वास्थ्य संबंधी गंभीर समस्या से जोड़कर देख रहे हैं, जबकि कुछ इसे प्रशासनिक असंतोष या निजी कारणों से जोड़ रहे हैं। हालांकि, अभी तक विभाग की ओर से कोई आधिकारिक स्पष्टीकरण सामने नहीं आया है।

इस पूरे मामले ने सरकारी सिस्टम की कार्यप्रणाली पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। आमतौर पर किसी सरकारी कर्मचारी की कुछ दिनों की अनुपस्थिति पर ही विभाग कार्रवाई शुरू कर देता है, लेकिन यहां एक वरिष्ठ IPS अधिकारी तीन महीने से ज्यादा समय से गायब हैं और अब तक स्थिति स्पष्ट नहीं हो सकी है।

कानूनी विशेषज्ञों का कहना है कि यदि कोई अधिकारी लगातार बिना अनुमति अनुपस्थित रहता है, तो सेवा नियमों के तहत उसके खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जा सकती है। हालांकि, इससे पहले विभाग को यह सुनिश्चित करना होता है कि अधिकारी की अनुपस्थिति के पीछे कोई गंभीर या असाधारण परिस्थिति तो नहीं है।

इस मामले के सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर भी लोगों की प्रतिक्रियाएं तेज हो गई हैं। कई यूजर्स सवाल उठा रहे हैं कि आखिर एक IG रैंक का अधिकारी बिना किसी जानकारी के इतने लंबे समय तक कैसे गायब रह सकता है।

फिलहाल पुलिस विभाग की ओर से मामले की आंतरिक समीक्षा की जा रही है। यदि आने वाले दिनों में भी कालूराम रावत की ओर से कोई प्रतिक्रिया नहीं आती है, तो विभाग आगे सख्त कार्रवाई कर सकता है।

अब सभी की नजरें इस बात पर टिकी हैं कि आखिर IG कालूराम रावत कहां हैं और इतने लंबे समय से विभाग से दूरी बनाए रखने की असली वजह क्या है।


निष्कर्ष:

राजस्थान पुलिस के वरिष्ठ IPS अधिकारी कालूराम रावत का तीन महीने से बिना सूचना ड्यूटी से गायब रहना प्रशासनिक और कानूनी दोनों स्तरों पर गंभीर सवाल खड़े करता है। विभाग ने रिकॉल नोटिस जारी कर दिया है, लेकिन अब तक कोई जवाब नहीं मिला। आने वाले दिनों में यह मामला और बड़ा रूप ले सकता है।

Written By

Chanchal Rathore

Desk Reporter

Related News

All Rights Reserved & Copyright © 2015 By HP NEWS. Powered by Ui Systems Pvt. Ltd.

BREAKING NEWS
बीकानेर बनेगा निशानेबाजी का नया हब! सादुल क्लब में अंतरराष्ट्रीय शूटिंग रेंज की तैयारी, ओलंपिक स्तर की 17 मशीनें लगेंगी | हनुमानगढ़ में भीषण सड़क हादसा: स्लीपर कोच बस और टेंपो की आमने-सामने टक्कर, चालक की मौके पर मौत | कोटा में सरपंच-पंच चुनाव: 162 ग्राम पंचायतों में मतदान जारी, 1128 प्रत्याशी मैदान में; 80 साल की सूरजा बाई व्हीलचेयर पर पहुंचीं | जोधपुर की 6 पंचायत समितियों में सरपंच-पंच चुनाव के लिए मतदान जारी, 101 साल की दाखू कंवर ने भी डाला वोट | जयपुर की 212 ग्राम पंचायतों में सरपंच-पंच चुनाव के लिए मतदान जारी, देर रात तक आएंगे नतीजे | सीकर में ईदगाह चौराहे से जैन भवन तक वन-वे व्यवस्था लागू, गलत दिशा में जाने पर पंचर होगा टायर | जयपुर पंचायत चुनाव: सुबह 10 बजे तक 14.70% मतदान, 22 जिला परिषद और 146 पंचायत समिति वार्डों में वोटिंग | राजस्थान पंचायत चुनाव 2026: सुबह 10 बजे तक बीकानेर में 14.78% मतदान, कई जगह EVM में खराबी | टेलीकॉम सेक्टर में नई तकनीकों की टेस्टिंग होगी आसान, सरकार ने जारी किए नए नियम | पंचायत चुनाव के पहले चरण में EVM में खराबी, जयपुर के कालवाड़ में 45 मिनट रुका मतदान |