जयपुर, 5 अगस्त। राजस्थान में पंचायतीराज एवं नगरीय निकाय चुनावों की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए राजस्थान राज्य अन्य पिछड़ा वर्ग (राजनीतिक प्रतिनिधित्व) आयोग ने वर्ष 2026 का प्रतिवेदन मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा को सौंप दिया। आयोग के अध्यक्ष मदनलाल भाटी एवं सदस्यों ने मुख्यमंत्री से मुलाकात कर पंचायती एवं नगरीय निकायों में ओबीसी आरक्षण से संबंधित रिपोर्ट प्रस्तुत की।
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि राज्य सरकार जमीनी स्तर पर लोकतंत्र को और अधिक मजबूत बनाने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि सरकार ने स्थानीय निकाय चुनाव समय पर कराने का जो संकल्प लिया था, उसे तेजी से पूरा किया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने विश्वास जताया कि 'वन स्टेट-वन इलेक्शन' व्यवस्था लागू होने से चुनावी प्रक्रिया अधिक सुव्यवस्थित होगी और विकास कार्यों में बार-बार लगने वाली आचार संहिता की बाधाएं कम होंगी।
उन्होंने कहा कि एक साथ चुनाव होने से समय, धन और सरकारी संसाधनों की बचत होगी, साथ ही विकास एवं जनकल्याण योजनाओं को निरंतर गति मिलेगी। इससे प्रशासनिक कार्यों में भी दक्षता आएगी और जनता को बेहतर सेवाएं उपलब्ध कराई जा सकेंगी।
इस अवसर पर पंचायतीराज मंत्री मदन दिलावर, विधि एवं न्याय मंत्री जोगाराम पटेल, नगरीय विकास एवं स्वायत्त शासन मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) झाबर सिंह खर्रा, मुख्य सचिव वी. श्रीनिवास, ओबीसी आयोग के सचिव अशोक कुमार जैन तथा आयोग के सदस्य प्रो. राजीव सक्सैना, गोपाल कृष्ण, मोहन मोरवाल और पवन मावंडिया सहित वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
All Rights Reserved & Copyright © 2015 By HP NEWS. Powered by Ui Systems Pvt. Ltd.